- फरीदाबाद में श्रीराम ग्लोबल स्कूल के नए परिसर का भव्य एवं दिव्य शुभारंभ
फरीदाबाद:
प्रभु श्रीराम आगमन दिवस के पावन अवसर पर शिक्षा, संस्कार और संस्कृति के अद्भुत संगम का साक्षी बना फरीदाबाद, जहाँ श्रीराम सोसाइटी ऑफ रियल एजुकेशन की नवीन इकाई श्रीराम ग्लोबल स्कूल, सेक्टर-10 के नए परिसर का भव्य शुभारंभ अत्यंत श्रद्धा, उत्साह और सांस्कृतिक गरिमा के साथ संपन्न हुआ। यह विद्यालय आगामी शैक्षणिक सत्र से विद्यार्थियों के लिए प्रारंभ किया जाएगा।
इस अवसर पर विद्यालय परिसर धार्मिक, सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियों का जीवंत केंद्र बन गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्रभु श्रीराम के भजन-कीर्तन एवं वैदिक मंत्रोच्चार के साथ हुई, जिससे वातावरण भक्तिरस से सराबोर हो गया। इसके उपरांत निकाली गई श्रीराम रथ यात्रा कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण रही, जिसमें ब्रह्मकुमारीज़, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ, इस्कॉन, स्वदेशी जागरण मंच तथा विद्यालय के विद्यार्थियों ने अनुशासित एवं उत्साहपूर्ण सहभागिता निभाई। विद्यार्थियों की सहभागिता ने रथ यात्रा को आध्यात्मिक ऊर्जा, सामाजिक समरसता और सांस्कृतिक चेतना से ओत-प्रोत कर दिया।
इस गरिमामयी अवसर पर फरीदाबाद की मेयर प्रवीण बत्रा, राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय संपर्क टोली सदस्य श्रीकृष्ण सिंहल, ब्रह्मकुमारी की राजयोगिनी लता दीदी, इस्कॉन फरीदाबाद के अध्यक्ष गोपेश्वर प्रभु, जीवा ग्रुप के चेयरमैन ऋषि पाल चौहान, वरिष्ठ स्वयंसेवक अरुण वालिया, महानगर कार्यवाह गोविंद गुप्ता, सेक्टर-10 आरडब्ल्यूए प्रधान जे.डी. मित्तल, तेजपाल सैनी, सुरेश कौशिक सहित अनेक गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता नीरू भाटिया व डॉ. अमृता ज्योति ने किया । सभी अतिथियों ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
मुख्य वक्ता श्रीकृष्ण सिंघल ने अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में कहा कि श्रीराम ग्लोबल स्कूल का उद्देश्य बच्चों को केवल शैक्षणिक रूप से सक्षम बनाना ही नहीं, बल्कि उनके चरित्र निर्माण, नैतिक मूल्यों और सामाजिक दायित्व की भावना को भी सुदृढ़ करना है। प्रभु श्रीराम के आदर्शों को शिक्षा के माध्यम से जीवन में उतारना ही इस विद्यालय की मूल प्रेरणा है।
फरीदाबाद की मेयर प्रवीण बत्रा ने कहा शिक्षा यदि संस्कारों से जुड़ जाए तो समाज का सर्वांगीण विकास सुनिश्चित होता है। श्रीराम ग्लोबल स्कूल जैसी पहल आने वाली पीढ़ी को नैतिक, संवेदनशील और जिम्मेदार नागरिक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
गोपेश्वर प्रभु ने अपने संबोधन में कहा श्रीराम ग्लोबल स्कूल केवल शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, संस्कार और राष्ट्र निर्माण की भावना को आगे बढ़ाने वाला एक प्रेरणादायी संस्थान बनेगा। प्रभु श्रीराम का जीवन हमें कर्तव्य, मर्यादा और सेवा का संदेश देता है, जिसे बच्चों के जीवन में उतारना आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत भक्ति गीत, समूह नृत्य एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने उपस्थित जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। बच्चों की प्रतिभा, आत्मविश्वास और संस्कारों की सभी ने मुक्त कंठ से सराहना की।
कार्यक्रम के समापन पर विद्यालय प्रबंधन की ओर से सभी अतिथियों, अभिभावकों, मीडिया प्रतिनिधियों एवं क्षेत्रवासियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए विद्यालय के उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई।



